सास वशीकरण कैसे करें
+91 91157 97577
वशिकरण एक ऐसा माध्यम है जिसकी मदद से आप बुरी से बुरी सास को भी ठीक कर सकते है। जब आप की सास समझाने या बातों से ना माने तो और कोई चारा नहीं बचता है।
क्योंकि सास आप की दूसरी माँ होती है। अगर उसके साथ नहीं बनती तो आपको बहुत से मुश्किलों का सामना करना पड़ता है। समाज में भी आप का नाम खराब होता है। सारे काम करते शर्तें भी आप की सास आप की बुराई करती है। आप के पति को भडकाती है। आप के मायके को भी बुरा भला बोलती है। और आप ना चाह कर भी अपनी सास के ताने सुनती है। तो और कोई चारा नहीं बचता।
फिर केवल वशीकरण ही हल निकलता है। जिस के माध्यम से बिना किसी नुकसान के अपनी सास को ठीक कर सकती है। और इससे सास को माँ के रूप में बदल सकती है।
वशीकरण कराने या किसी भी प्रकार की जानकारी के लिए सम्पर्क करें
पंडित M.L शर्मा जी
मोबाइल नंबर+91 91157 97577
सास वशीकरण कैसे करें? शुद्ध हिंदू विधि, सच्चाई और सही मार्ग
विवाह के बाद एक महिला का सबसे अधिक सामना जिस रिश्ते से होता है, वह है सास–बहू का रिश्ता। यह रिश्ता अगर प्रेम, समझ और सहयोग से भरा हो तो घर स्वर्ग बन जाता है, लेकिन जब इसी रिश्ते में कटुता, ताने, हस्तक्षेप, या गलतफहमियाँ बढ़ जाती हैं, तो महिला का जीवन मानसिक तनाव से भर जाता है। ऐसी स्थिति में बहुत-सी महिलाएँ यह प्रश्न पूछती हैं कि सास वशीकरण कैसे किया जाए, ताकि घर में शांति और सम्मान बना रहे।
सबसे पहले यह समझना बहुत ज़रूरी है कि वशीकरण कोई गलत या हानिकारक प्रक्रिया नहीं है, बल्कि यह एक शुद्ध हिंदू एवं वैदिक विधि है, जिसका उद्देश्य किसी को नुकसान पहुँचाना नहीं, बल्कि रिश्तों में संतुलन और सकारात्मकता लाना होता है।
सास–बहू के रिश्ते में समस्या क्यों होती है?
सास–बहू के बीच तनाव के कई कारण हो सकते हैं, जैसे:
- बार-बार हस्तक्षेप करना
- बहू को स्वीकार न करना
- बेटे पर अत्यधिक अधिकार
- गलतफहमियाँ या दूसरों की बातें सुनना
- अहंकार और सोच का टकराव
जब ये बातें बढ़ जाती हैं, तो घर का माहौल खराब होने लगता है और पति-पत्नी के रिश्ते पर भी असर पड़ता है।
वशीकरण क्या है और इसका उद्देश्य क्या होता है?
वशीकरण एक प्राचीन वैदिक प्रक्रिया है, जिसमें मंत्र, पूजा, हवन और ऊर्जा-संतुलन के माध्यम से व्यक्ति के विचारों और व्यवहार में सकारात्मक परिवर्तन लाया जाता है।
👉 वशीकरण का उद्देश्य किसी को मजबूर करना नहीं होता, बल्कि:
- ग़ुस्सा कम करना
- नकारात्मक सोच हटाना
- समझ, सहानुभूति और अपनापन बढ़ाना
- रिश्तों में मधुरता लाना
इसीलिए जब इसे सही उद्देश्य से किया जाता है, तो वशीकरण से कोई हानि नहीं होती।
सास वशीकरण का सही अर्थ
सास वशीकरण का मतलब यह नहीं है कि सास को नुकसान पहुँचाया जाए या उनकी इच्छा के विरुद्ध कुछ कराया जाए। इसका अर्थ है:
- सास के मन में बहू के लिए सकारात्मक भाव जागृत करना
- बेवजह की नाराज़गी और कठोरता कम करना
- बहू को स्वीकार करने की भावना बढ़ाना
- घर में शांति और सामंजस्य लाना
यह पूरी प्रक्रिया शुद्ध हिंदू/वैदिक विधि से की जाती है।

सास वशीकरण कैसे किया जाता है? (सामान्य जानकारी)
सास वशीकरण कोई टोटका या घरेलू उपाय नहीं है। यह एक संवेदनशील आध्यात्मिक प्रक्रिया है, जिसे सही विधि से किया जाता है:
- सबसे पहले स्थिति और समस्या को समझा जाता है
- कुंडली, ग्रह-स्थिति और ऊर्जा का विश्लेषण किया जाता है
- उपयुक्त मंत्र और पूजा विधि चुनी जाती है
- हवन-पूजा के माध्यम से साधना की जाती है
- ऊर्जा को संतुलित कर सकारात्मक प्रभाव डाला जाता है
👉 यह प्रक्रिया धीरे-धीरे असर दिखाती है और स्वाभाविक परिवर्तन लाती है।
क्या सास वशीकरण से कोई हानि होती है?
नहीं।
अगर वशीकरण शुद्ध हिंदू विधि, सही मंत्र और सकारात्मक उद्देश्य से किया जाए, तो इससे किसी प्रकार की हानि नहीं होती।
❌ इसमें काला जादू नहीं होता
❌ इसमें किसी को नुकसान नहीं पहुँचाया जाता
✔ यह केवल मानसिक और भावनात्मक संतुलन पर काम करता है
हानि तब होती है जब कोई गलत नीयत, गलत विधि या फर्जी व्यक्ति से वशीकरण करवाता है।
अनुभवी पंडित से करवाना क्यों ज़रूरी है?
सास वशीकरण एक नाज़ुक विषय है। इसे गलत तरीके से करने पर परिणाम नहीं मिलते। इसलिए:
- हमेशा अनुभवी और वैदिक ज्ञान रखने वाले पंडित से ही करवाएँ
- जो पूरी प्रक्रिया ईमानदारी से समझाए
- जो झूठे या तुरंत परिणामों का दावा न करे
अनुभवी पंडित ही यह तय कर सकता है कि वशीकरण आवश्यक है या नहीं और कौन-सी विधि उचित रहेगी।
सास वशीकरण का सही उद्देश्य
सास वशीकरण का लक्ष्य होना चाहिए:
- घर में शांति बनाए रखना
- पति-पत्नी के रिश्ते को सुरक्षित रखना
- सास-बहू के बीच सम्मान और समझ बढ़ाना
- परिवार को टूटने से बचाना
जब उद्देश्य सही होता है, तब प्रक्रिया भी सही दिशा में काम करती है।
निष्कर्ष
सास वशीकरण कैसे करें? इसका उत्तर यही है कि इसे शुद्ध हिंदू और वैदिक विधि से, सही उद्देश्य और अनुभवी मार्गदर्शन में ही किया जाना चाहिए।
वशीकरण:
- कोई हानिकारक प्रक्रिया नहीं है
- कोई ज़बरदस्ती नहीं है
- बल्कि रिश्तों को सुधारने का एक आध्यात्मिक मार्ग है
अगर सही जानकारी, धैर्य और सकारात्मक सोच के साथ किया जाए, तो सास-बहू के रिश्ते में भी शांति, सम्मान और प्रेम वापस लाया जा सकता है।
